रायपुर: राष्ट्रीय खेल दिवस के मौके पर रायपुर के एनआईटी में आयोजित ‘खेलो इंडिया संवाद’ कार्यक्रम में खेल, युवा सशक्तीकरण और विकसित भारत को लेकर युवाओं ने अपने विचार साझा किए। उप मुख्यमंत्री एवं खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय युवा मामले एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया ने देशभर से जुड़े युवाओं को वर्चुअली संबोधित किया।
प्रधानमंत्री मोदी ने युवाओं से खेलों को केवल पदक जीतने तक सीमित न रखने की बात कही। उन्होंने कहा कि खेल के माध्यम से व्यक्तित्व विकास के साथ देश की खेल शक्ति और युवा शक्ति को भी मजबूत किया जा सकता है। देश में आधुनिक स्पोर्ट्स इकोसिस्टम तैयार करने और प्रतिभाओं को प्रशिक्षण से लेकर अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने के प्रयासों का भी उन्होंने उल्लेख किया।
अरुण साव बोले- नशामुक्त युवा ही बनाएगा विकसित भारत
कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि सफलता के पीछे निरंतर मेहनत और आत्मविश्वास की बड़ी भूमिका होती है। उन्होंने युवाओं से नशे से दूर रहने की अपील करते हुए कहा कि नशामुक्त युवा ही मजबूत और विकसित भारत के निर्माण में प्रभावी भूमिका निभा सकता है।
उन्होंने कहा कि जीवन में असफलताएं आना स्वाभाविक है, लेकिन किसी असफलता से निराश होकर गलत रास्ते पर नहीं जाना चाहिए। युवाओं को अपनी कमियों को पहचानकर उन्हें दूर करने और पूरे आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने की जरूरत है।
2036 ओलंपिक को लेकर युवाओं ने रखे सुझाव
‘युवा संवाद’ के दौरान एनआईटी के विद्यार्थियों, खिलाड़ियों और अन्य युवाओं ने खेल अधोसंरचना के विकास, खेल सुविधाओं के विस्तार और देश के स्पोर्ट्स इकोसिस्टम को मजबूत करने को लेकर अपने विचार रखे।
इसके साथ ही 2036 ओलंपिक के लिए प्रतिभा विकास, नशामुक्ति, युवा नेतृत्व, शासन में युवाओं की भागीदारी और युवा सशक्तीकरण जैसे विषयों पर भी चर्चा हुई। युवाओं के सुझावों को भविष्य की खेल नीति और विकास की दिशा से जोड़ने पर जोर दिया गया।
तिलक वर्मा ने बताया खेलों का महत्व
अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर तिलक वर्मा ने युवाओं के सवालों का जवाब देते हुए खेलों को जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया। उन्होंने कहा कि खेल युवाओं को कठिन परिस्थितियों का सामना करने, दबाव में बेहतर प्रदर्शन करने, टीम भावना और मानसिक स्थिरता जैसे गुण विकसित करने में मदद करता है।
उन्होंने कहा कि देश के कई बड़े खिलाड़ियों ने युवाओं को खेलों से जुड़ने के लिए प्रेरित किया है। खेल के साथ फिटनेस, स्वास्थ्य और पोषण के प्रति जागरूकता भी बढ़ती है।
युवाओं से पहल के साथ जिम्मेदारी लेने की अपील
यूथ आइकन डॉ. प्रियंका बिस्सा ने युवाओं से केवल सुझाव देने के बजाय अपनी पहल की जिम्मेदारी खुद उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि युवा नेतृत्व और शासन-प्रशासन में अपनी सक्रिय भागीदारी बढ़ाएं और अपने प्रयासों में ओनरशिप की भावना के साथ काम करें।
कार्यक्रम के दौरान युवाओं को नशे से दूर रहने की शपथ भी दिलाई गई। इस मौके पर एनआईटी के निदेशक डॉ. एन.वी. रमना राव, खेल एवं युवा कल्याण विभाग के सचिव यशवंत कुमार, संचालक आकांक्षा शिक्षा खलखो और माय भारत के राज्य निदेशक अर्पित तिवारी सहित अधिकारी, प्राध्यापक, खिलाड़ी और बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे।