रायपुर : नारायणपुर के आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन प्रतिभावान युवाओं के लिए प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी का नया रास्ता खुला है। जिला प्रशासन ने DMFT निधि से निःशुल्क PSC और व्यापम आवासीय कोचिंग सेंटर शुरू किया है। राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा और वन मंत्री केदार कश्यप ने सेंटर का शुभारंभ किया।
कोचिंग के पहले बैच के लिए चयन प्रक्रिया के जरिए 50 अभ्यर्थियों का चयन किया गया है। इनमें 26 बालिकाएं और 24 बालक शामिल हैं। सेंटर में चयनित विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए पढ़ाई के साथ रहने और भोजन की सुविधा भी मुफ्त मिलेगी।
स्टडी किट के साथ शुरू हुई तैयारी
शुभारंभ कार्यक्रम में मंत्रियों और अतिथियों ने चयनित विद्यार्थियों को बैग, कॉपियां, मानक पुस्तकें, पेन और अन्य जरूरी स्टडी सामग्री दी। विषय विशेषज्ञ नियमित कक्षाओं के जरिए विद्यार्थियों को छत्तीसगढ़ PSC और व्यापम की परीक्षाओं के लिए तैयार करेंगे।
इस पहल का मकसद ऐसे युवाओं को बेहतर अवसर देना है, जो आर्थिक स्थिति या संसाधनों की कमी के कारण महंगी कोचिंग नहीं ले पाते। खासकर बस्तर के दूरस्थ इलाकों की प्रतिभाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए बेहतर मंच देने पर जोर है।
आदिवासी विकास विभाग करेगा मॉनिटरिंग
कोचिंग सेंटर की व्यवस्था और संचालन की जिम्मेदारी आदिवासी विकास विभाग के सहायक आयुक्त को दी गई है। विभाग सेंटर की व्यवस्थाओं के साथ पढ़ाई की गुणवत्ता पर भी नजर रखेगा।
कार्यक्रम में नगर पालिका अध्यक्ष, छोटेडोंगर सरपंच, कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, जिला शिक्षा अधिकारी, सहायक आयुक्त सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।