रायपुर, केंद्र सरकार की वित्तीय समावेशन योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए 21 अक्टूबर से 31 दिसंबर 2026 तक विशेष संतृप्ति अभियान चलाया जाएगा। केंद्रीय वित्त मंत्रालय के वित्तीय सेवाएं विभाग की इस पहल के तहत ग्राम पंचायतों और नगरीय निकायों में विशेष शिविर आयोजित किए जाएंगे। अभियान का उद्देश्य बैंकिंग सुविधाओं से वंचित नागरिकों को बैंकिंग प्रणाली से जोड़ना और उन्हें सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ दिलाना है।
जनधन, बीमा और पेंशन योजनाओं से जुड़ेंगे हितग्राही
अभियान के दौरान प्रत्येक ग्राम पंचायत और नगरीय निकाय में कम से कम एक शिविर लगाया जाएगा। इन शिविरों में प्रधानमंत्री जनधन योजना के तहत नए बैंक खाते खोले जाएंगे। इसके साथ ही पात्र नागरिकों को प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना और अटल पेंशन योजना से जोड़ने के लिए नामांकन की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों के परिवारों को भी बैंकिंग सेवाओं से जोड़ने पर ध्यान दिया जाएगा।
बैंक खातों की केवाईसी और आधार लिंकिंग की मिलेगी सुविधा
विशेष शिविरों में नए बैंक खाते खोलने के साथ निष्क्रिय प्रधानमंत्री जनधन खातों को दोबारा सक्रिय करने और जनधन सहित अन्य बचत खातों की पुनः केवाईसी प्रक्रिया पूरी करने की सुविधा मिलेगी। इसके अलावा संबंधित बीमा योजनाओं के लिए आधार लिंकिंग, लंबित केंद्रीय केवाईसी पहचान संख्या तैयार करने और बैंक खातों एवं लॉकर से जुड़ी नामांकन (नॉमिनी) संबंधी जानकारी अपडेट करने के कार्य भी किए जाएंगे। इन सुविधाओं से नागरिकों को बैंकिंग सेवाओं का लाभ लेने में सहूलियत होगी।
डिजिटल धोखाधड़ी से बचाव के लिए किया जाएगा जागरूक
अभियान के तहत वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा देने के साथ नागरिकों को सुरक्षित डिजिटल लेनदेन और साइबर धोखाधड़ी से बचने के उपायों की जानकारी दी जाएगी। शिविरों में विभिन्न योजनाओं की पात्रता, लाभ और नामांकन प्रक्रिया के संबंध में मार्गदर्शन भी दिया जाएगा। प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना और प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना में नामांकन तथा बैंक खाते से बीमा प्रीमियम की कटौती के लिए लाभार्थियों की स्पष्ट सहमति लेना अनिवार्य होगा।
जिला प्रशासन और बैंक मिलकर करेंगे अभियान का संचालन
अभियान का संचालन जिला कलेक्टर के मार्गदर्शन में किया जाएगा। अग्रणी जिला प्रबंधक विभिन्न बैंकों, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों, सहकारी बैंकों और इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक के साथ समन्वय स्थापित कर शिविरों का आयोजन सुनिश्चित करेंगे। जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति शिविरों की तिथियां और स्थान निर्धारित करेगी। अभियान को प्रभावी बनाने के लिए पंचायत प्रतिनिधियों, पंचायत सचिवों, स्व-सहायता समूहों, बैंक मित्रों, ग्राहक सेवा केंद्रों और संबंधित विभागों के अधिकारियों-कर्मचारियों की भागीदारी भी सुनिश्चित की जाएगी।
इस विशेष अभियान के माध्यम से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के पात्र नागरिकों को बैंकिंग सुविधाओं, बीमा सुरक्षा और पेंशन योजनाओं से जुड़ने का अवसर मिलेगा। साथ ही, निष्क्रिय खातों को सक्रिय करने और बैंकिंग संबंधी प्रक्रियाओं को पूरा करने में भी मदद मिलेगी। यह पहल वित्तीय समावेशन को बढ़ावा देने और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों तक सामाजिक सुरक्षा का दायरा विस्तारित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।