कवर्धा : सावन मास में अमरकंटक से जल लेकर भगवान बूढ़ा महादेव और भोरमदेव मंदिर में जलाभिषेक करने आने वाले हजारों कांवड़ियों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कबीरधाम जिले में व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। इसी क्रम में उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने बूढ़ा महादेव मंदिर कवर्धा से लेकर भोरमदेव, राजानवागांव, डोंगरिया और मुंगेली जिले के खुड़िया तक कांवड़ यात्रा मार्ग का निरीक्षण किया।
उप मुख्यमंत्री ने विभिन्न विश्राम स्थलों, मंदिर परिसरों और यात्रा मार्ग पर साफ-सफाई, पेयजल, चिकित्सा सुविधा, सुरक्षा, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं के ठहरने की तैयारियों का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कांवड़ियों और श्रद्धालुओं के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं समय पर उपलब्ध कराई जाएं।
उन्होंने बताया कि अमरकंटक में कांवड़ियों के विश्राम और भोजन के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। इसके अलावा खुड़िया और लमनी में करीब 20-20 लाख रुपए की लागत से प्रतीक्षालय का निर्माण कराया गया है। उप मुख्यमंत्री ने इन व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए।
भोरमदेव में कांवड़ियों के लिए तैयार किए जा रहे विश्राम स्थल और स्वदेश दर्शन योजना के तहत निर्माणाधीन हॉल का निरीक्षण करते हुए उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए सभी व्यवस्थाएं समय पर पूरी की जाएं। उन्होंने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
उप मुख्यमंत्री ने कवर्धा स्थित पंचमुखी बूढ़ा महादेव मंदिर परिसर में निर्मित डोम का भी निरीक्षण किया। उन्होंने डोम में अतिरिक्त प्रवेश द्वार, पेयजल, शौचालय और अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। राजानवागांव में निर्मित डोम के रखरखाव, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था और श्रद्धालुओं के लिए बेहतर वातावरण तैयार करने के निर्देश दिए गए।
डोंगरिया स्थित जलेश्वर महादेव मंदिर परिसर का निरीक्षण करते हुए उप मुख्यमंत्री ने कहा कि यहां पहुंच मार्ग के विकास और श्रद्धालुओं के लिए आवश्यक सुविधाओं को मजबूत किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सावन मास में श्रद्धालुओं के पहुंचने से पहले सभी व्यवस्थाएं पूरी कर ली जाएं।
खुड़िया में बने प्रतीक्षालय का निरीक्षण करते हुए उप मुख्यमंत्री ने परिसर को स्वच्छ और व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सावन मास के दौरान आपातकालीन चिकित्सा सहायता के लिए पूरे श्रावण माह तक एंबुलेंस सेवा उपलब्ध कराई जाएगी, ताकि श्रद्धालुओं को तत्काल स्वास्थ्य सुविधा मिल सके।
इसके बाद उप मुख्यमंत्री ने भोरमदेव परिसर में अधिकारियों की समीक्षा बैठक लेकर कांवड़ यात्रा की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने बैरिकेडिंग, पेयजल, शौचालय, विद्युत व्यवस्था, सुरक्षा, यातायात नियंत्रण और चिकित्सा सुविधाओं को बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
बैठक में उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए सभी तैयारियां पूरी रखने के निर्देश दिए। इस दौरान जनप्रतिनिधि, जिला प्रशासन और पुलिस विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।