स्कूल शिक्षा विभाग की स्टॉल में डिजिटल लर्निंग, समावेशी शिक्षा, कौशल विकास और SCERT की उपलब्धियों का होगा प्रदर्शन
रायपुर, छत्तीसगढ़ राज्योत्सव में इस बार स्कूल शिक्षा विभाग की स्टॉल पर प्रदेश की बदलती शिक्षा व्यवस्था और आधुनिक शिक्षण पद्धतियों की झलक देखने को मिलेगी। यहां डिजिटल लर्निंग, स्मार्ट क्लास, समावेशी शिक्षा और कौशल विकास से जुड़ी योजनाओं के साथ विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए किए जा रहे नवाचारों को प्रदर्शित किया जाएगा।
विभागीय स्टॉल में STEM शिक्षा, अटल टिंकरिंग लैब (ATL), कंपोजिट लैब और SCERT की उपलब्धियों को विशेष स्थान दिया गया है। इन माध्यमों से विद्यार्थियों में विज्ञान और तकनीक के प्रति रुचि, रचनात्मक सोच तथा प्रयोग के जरिए सीखने की क्षमता विकसित करने के प्रयासों की जानकारी दी जाएगी।
इसके साथ ही मुस्कान पुस्तकालय और डिजिटल लाइब्रेरी के माध्यम से पढ़ने की आदत को बढ़ावा देने तथा स्मार्ट क्लास के जरिए पढ़ाई को अधिक रोचक और प्रभावी बनाने की पहल भी प्रदर्शित होगी। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के तहत व्यावहारिक ज्ञान, कौशल आधारित शिक्षा और विद्यार्थियों के समग्र विकास पर किए जा रहे कार्यों को भी स्टॉल में शामिल किया गया है।
शिक्षक प्रशिक्षण और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के क्षेत्र में राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (SCERT) की भूमिका और उपलब्धियों को भी प्रदर्शनी के माध्यम से सामने रखा जाएगा। वहीं समावेशी शिक्षा के तहत हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाने के प्रयासों की जानकारी भी दी जाएगी।
स्टॉल में NCC, स्काउट गाइड और रेड क्रॉस जैसी गतिविधियों को भी प्रदर्शित किया जाएगा। इनके जरिए विद्यार्थियों में अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, सेवा भावना और सामाजिक जिम्मेदारी विकसित करने के प्रयासों को रेखांकित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व और स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव के मार्गदर्शन में विभाग शिक्षा को आधुनिक, गुणवत्तापूर्ण और कौशल आधारित बनाने की दिशा में किए जा रहे कार्यों को राज्योत्सव के मंच पर प्रस्तुत करेगा। इस स्टॉल के जरिए विद्यार्थियों, अभिभावकों और आम नागरिकों को प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे बदलावों और नवाचारों की जानकारी मिलेगी।