कवर्धा में राजनांदगांव रेंज की NDPS कार्यशाला, तकनीकी साक्ष्यों के इस्तेमाल पर जोर
रायपुर, छत्तीसगढ़ में नशे के अवैध कारोबार पर शिकंजा कसने के लिए पुलिस को अब कार्रवाई का दायरा और बढ़ाने पर जोर दिया गया है। कवर्धा में आयोजित NDPS एक्ट की राजनांदगांव रेंज स्तरीय कार्यशाला में उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा कि नशा तस्करी के मामलों में केवल एक आरोपी की गिरफ्तारी को सफलता न माना जाए, बल्कि उसके पीछे मौजूद पूरे नेटवर्क तक पहुंच बनाई जाए।
स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट विद्यालय, कवर्धा में हुई कार्यशाला में NDPS मामलों की विवेचना, साक्ष्य जुटाने और न्यायालय में मजबूत केस तैयार करने के तरीकों पर चर्चा हुई। विजय शर्मा ने कहा कि नशीले पदार्थों की सप्लाई से जुड़े लोगों की पहचान के लिए तकनीक का इस्तेमाल बढ़ाया जाए। आरोपियों के मोबाइल संपर्क, लोकेशन, आवागमन और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की मदद से तस्करी के स्रोत तक पहुंचने की कोशिश की जाए।
उन्होंने कहा कि नशे के खिलाफ कार्रवाई को सिर्फ कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारी न समझा जाए। यह युवाओं और आने वाली पीढ़ी को नशे से बचाने की जिम्मेदारी भी है। जहां नशीले पदार्थों से जुड़ी गतिविधियों की जानकारी मिले, वहां सूचना तंत्र मजबूत कर तत्काल जांच की जाए। जरूरत के अनुसार CCTV और दूसरे तकनीकी साधनों का उपयोग भी किया जाए।
तस्करी के स्रोतों की पहचान पर फोकस
विजय शर्मा ने गांजा तस्करी के मामलों का उल्लेख करते हुए कहा कि कई मामलों में दूसरे राज्यों से जुड़े स्रोत सामने आए हैं। ऐसे मामलों में पुलिस को यह पता लगाने पर ध्यान देना चाहिए कि नशीला पदार्थ कहां से आया और किस नेटवर्क के जरिए आगे पहुंचाया जा रहा था।
उन्होंने पुलिस अधिकारियों और जवानों से कहा कि NDPS एक्ट के मामलों को रूटीन कार्रवाई की तरह न लें। विवेचना में साक्ष्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए, क्योंकि न्यायालय में दोषसिद्धि मजबूत साक्ष्यों के आधार पर ही संभव होती है।
कार्यशाला में पुलिस महानिरीक्षक राजनांदगांव रेंज अजय यादव ने अधिकारियों को प्रभावी विवेचना, साक्ष्य संकलन और तकनीकी साक्ष्यों के उपयोग की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कार्रवाई को सामने मौजूद आरोपी तक सीमित रखने के बजाय पूरे तस्करी नेटवर्क को सामने लाना जरूरी है।
बेहतर काम करने वाले पुलिसकर्मियों को सम्मान
कार्यशाला के अंत में NDPS मामलों में उत्कृष्ट विवेचना और दोषसिद्धि में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक जितेंद्र कुमार यादव सहित राजनांदगांव रेंज के अधिकारी और विवेचना अधिकारी मौजूद रहे।