रायपुर। छत्तीसगढ़ में चक्रवात के प्रभाव से भारी बारिश और तेज हवाओं की आशंका को देखते हुए राज्य शासन ने विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए अहम निर्णय लिया है। स्कूल शिक्षा विभाग ने प्रदेश के सभी जिला कलेक्टरों को स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार शासकीय और अशासकीय स्कूलों में अवकाश घोषित करने का अधिकार दिया है। इससे मौसम की स्थिति को देखते हुए जिलों में आवश्यकतानुसार स्कूलों को बंद रखने का निर्णय लिया जा सकेगा।
स्कूल शिक्षा विभाग के उप सचिव ने 27 अक्टूबर 2026 को इस संबंध में आदेश जारी किया है। आदेश के अनुसार, मौसम विभाग की चेतावनी में प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में चक्रवात के कारण भारी वर्षा और तेज हवाएं चलने की आशंका जताई गई है। ऐसी स्थिति में विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला कलेक्टर अपने-अपने जिलों में मौसम और स्थानीय परिस्थितियों का आकलन कर आवश्यक निर्णय ले सकेंगे।
सरकारी और निजी दोनों स्कूलों पर लागू होगा निर्णय
राज्य शासन ने स्पष्ट किया है कि अवकाश घोषित करने का निर्णय संबंधित जिले की परिस्थितियों और जरूरतों के आधार पर लिया जाएगा। यह अधिकार शासकीय के साथ-साथ अशासकीय विद्यालयों के लिए भी लागू होगा। हालांकि, आदेश के तहत पूरे प्रदेश में एक साथ स्कूल बंद करने की अनिवार्यता नहीं है। संबंधित जिला कलेक्टर स्थानीय स्थिति के अनुसार फैसला ले सकेंगे।
विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता
चक्रवात के संभावित प्रभाव को देखते हुए प्रशासन को सतर्क रहने और परिस्थितियों के अनुरूप कदम उठाने का अधिकार दिया गया है। भारी बारिश और तेज हवाओं से आवागमन में परेशानी तथा अन्य जोखिम उत्पन्न होने की आशंका के मद्देनजर यह निर्णय लिया गया है। विद्यार्थियों और स्कूलों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन स्थानीय मौसम की स्थिति के अनुसार आवश्यक कदम उठा सकेगा।