अंबिकापुर : सैनिक स्कूल अंबिकापुर ने अपना 18वां स्थापना दिवस उत्साह और गरिमामय माहौल में मनाया। समारोह में स्कूल की अब तक की यात्रा और उपलब्धियों के साथ कैडेट्स की प्रतिभा की झलक देखने को मिली। कार्यक्रम में पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
समारोह की शुरुआत गार्ड ऑफ ऑनर से हुई। इसके बाद दीप प्रज्ज्वलन और स्थापना दिवस केक कटिंग के साथ कार्यक्रम आगे बढ़ा। इस दौरान सरगुजा रेंज के पुलिस महानिरीक्षक दीपक कुमार झा, कलेक्टर अजीत वसंत, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार अग्रवाल सहित प्रशासन और पुलिस विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।
विद्यालय के प्राचार्य कर्नल राजेश बैंदा ने सत्र 2025-26 की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने स्कूल की पढ़ाई, खेल गतिविधियों और विभिन्न सह-पाठ्यक्रम कार्यक्रमों में कैडेट्स के प्रदर्शन की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि कैडेट्स ने अलग-अलग क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है।
लोकनृत्य से देशभक्ति तक, कैडेट्स ने दिखाया हुनर
स्थापना दिवस समारोह में कैडेट्स की सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं। स्वागत गीत के साथ छत्तीसगढ़ की लोक संस्कृति पर आधारित लोकनृत्य, प्रेरणादायक मूक अभिनय और देशभक्ति से जुड़े समूहगान ने दर्शकों की खूब तालियां बटोरीं। भगवान श्रीराम के जीवन और आदर्शों पर आधारित प्रस्तुति ने भी कार्यक्रम में खास प्रभाव छोड़ा।
इस मौके पर मंत्री राजेश अग्रवाल ने सैनिक स्कूल की वार्षिक पत्रिका का विमोचन किया। संस्कृत शिक्षक सौरभ कुमार जैन के मार्गदर्शन में कैडेट्स द्वारा तैयार किए गए ‘संस्कृत ऐप’ का भी प्रदर्शन किया गया। मंत्री सहित अतिथियों ने ऐप की विशेषताओं और उपयोगिता की सराहना की।
पढ़ाई, खेल और सह-पाठ्यक्रम में बेहतर प्रदर्शन करने वाले कैडेट्स सम्मानित
सत्र 2025-26 में पढ़ाई, खेल और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में बेहतर प्रदर्शन करने वाले कैडेट्स को समारोह में सम्मानित किया गया। अलग-अलग क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले हाउस को भी ट्रॉफियां दी गईं।
सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में कटारी हाउस और अरिहंत हाउस को सर्वश्रेष्ठ हाउस का सम्मान मिला। खेलकूद में भी इन दोनों हाउस को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए ट्रॉफी दी गई। वहीं अकादमिक प्रदर्शन में अर्जुन सिंह हाउस और तेजस हाउस को सर्वश्रेष्ठ अकादमिक हाउस चुना गया।
विद्यालय के अधिकारियों, शिक्षकों और स्टाफ सदस्यों को भी उनके बेहतर कार्य, कर्तव्यनिष्ठा और स्कूल के विकास में योगदान के लिए कमेंडेशन प्रदान कर सम्मानित किया गया।
मंत्री बोले- अनुशासन और राष्ट्रसेवा को जीवन का हिस्सा बनाएं
मुख्य अतिथि राजेश अग्रवाल ने सैनिक स्कूल अंबिकापुर की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कैडेट्स को निरंतर मेहनत और अनुशासन के साथ आगे बढ़ने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि सैनिक स्कूल केवल शिक्षा देने वाले संस्थान नहीं हैं, बल्कि विद्यार्थियों में अनुशासन, जिम्मेदारी और राष्ट्रसेवा की भावना विकसित करने में भी अहम भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने कैडेट्स से कहा कि वे स्कूल में सीखे अनुशासन और समर्पण को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं और भविष्य में देश के जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में आगे बढ़ें।
कार्यक्रम के अंत में उप-प्राचार्य लेफ्टिनेंट कर्नल डॉ. पी. श्रीनिवास ने अतिथियों और उपस्थित लोगों का आभार जताया। राष्ट्रगान के साथ सैनिक स्कूल अंबिकापुर के 18वें स्थापना दिवस समारोह का समापन हुआ।