चोलापुर थाना अध्यक्ष राजेश त्रिपाठी ने बताया कि अजगर को पकड़ने के लिए वन विभाग की पांच सदस्यीय टीम लगी हुई है. वन विभाग को इसमें ग्रामीण का भी सहयोग मिल रहा है. शोर-गुल होने से अगजर बिल में घुस गया जिसके कारण वन अधिकारी और कर्मचारी घंटों तक उसको बिल से बाहर निकालने के लिए कड़ी मशक्कत करते रहे. लेकिन अजगर बिल में ही रहा जिससे वन विभाग की टीम को खाली हाथ वापस लौटना पड़ा